प्रयागराज न्यूज डेस्क: उत्तर प्रदेश के प्रयागराज (इलाहाबाद) से एक चौंकाने वाली खबर सामने आई है, जहां बिशप जॉनसन स्कूल (जूनियर विंग) की प्रिंसिपल प्रियदर्शिनी सिंह को इलाहाबाद विश्वविद्यालय के पूर्व छात्र नेता और वकील रजनीश कुमार सिंह पर जानलेवा हमला करवाने के आरोप में गिरफ्तार किया गया।
घटना का विवरण और हमला:
घटना 6 मई की रात की है, जब वकील रजनीश कुमार सिंह अपने गांव से फॉर्च्यूनर कार द्वारा लौट रहे थे। शिवकुटी के स्टैनली रोड के पास एक बिना नंबर वाली काले रंग की थार (Thar) ने उनकी गाड़ी को ओवरटेक किया। कार में सवार प्रिंसिपल प्रियदर्शिनी सिंह ने कथित तौर पर शीशा नीचे कर ललकारते हुए कहा, "मार दो इनको", जिसके बाद उनके साथियों ने रजनीश पर 6 राउंड फायरिंग की। हमलावर वारदात के बाद थार छोड़कर फरार हो गए।
पुलिस की कार्रवाई और विवाद:
लापरवाही का आरोप: पीड़ित का आरोप है कि घटना के तुरंत बाद लिखित शिकायत देने के बावजूद शिवकुटी पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की।
अफसरों की दखल: अगले दिन जब रजनीश पुलिस कमिश्नर और एडिशनल पुलिस कमिश्नर से मिले, तब अधिकारियों की फटकार के बाद 7 मई को मुकदमा दर्ज हुआ।
सीसीटीवी से खुलासा: पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज के आधार पर प्रिंसिपल की पहचान की। घटना के समय गाड़ी आर्ची तिमोर्थी चला रहा था, जो लखनऊ डायसिस में कार्यरत है और फिलहाल फरार है।
वर्तमान स्थिति:
थाना प्रभारी वीरेंद्र सिंह ने बताया कि गिरफ्तार आरोपी प्रिंसिपल प्रियदर्शिनी सिंह को शुक्रवार को कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उन्हें जमानत मिल गई है। पुलिस अब फरार चल रहे थार चालक आर्ची तिमोर्थी और एक अन्य अज्ञात आरोपी की तलाश में दबिश दे रही है। इस हाई-प्रोफाइल मामले ने शहर के शैक्षणिक और कानूनी हलकों में हलचल पैदा कर दी है।