प्रयागराज न्यूज डेस्क: प्रयागराज में हाईस्कूल की अंग्रेजी परीक्षा के दौरान फूलपुर क्षेत्र के एक केंद्र पर औचक निरीक्षण को लेकर विवाद खड़ा हो गया। सहायक जिला विद्यालय निरीक्षक (बीएसए) की टीम अचानक जांच के लिए पहुंची थी। इसी बीच जिला स्तर के एक विभागीय अधिकारी को इसकी सूचना मिल गई और उन्होंने कथित तौर पर नाराजगी जताते हुए टीम को वापस लौटने का निर्देश दे दिया। इसके बाद मामला तूल पकड़ गया।
शिकायत मिलने पर उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद के सचिव ने तुरंत संज्ञान लिया और संबंधित परीक्षा केंद्र का सीसीटीवी फुटेज तलब कर लिया। साथ ही गोपनीय जांच के निर्देश जारी किए गए हैं। स्पष्ट किया गया है कि यदि जांच में नकल या किसी अधिकारी की मिलीभगत सामने आती है तो विभागीय कार्रवाई के साथ आपराधिक मुकदमा भी दर्ज किया जा सकता है।
सूत्रों का कहना है कि प्रयागराज के कुछ परीक्षा केंद्रों पर कैमरे बंद कर नकल कराने की शिकायतें पहले भी मिल चुकी हैं। खासतौर पर वित्तविहीन विद्यालयों में निगरानी ढीली होने के आरोप हैं, जबकि राजकीय और सहायता प्राप्त स्कूलों में नियमित जांच हो रही है। इस कथित दोहरे रवैये से अभिभावकों और छात्रों में नाराजगी बढ़ी है।
शिक्षा विभाग पर नकल माफिया के दबाव में काम करने के आरोप भी लग रहे हैं। परिषद ने जिलाधिकारियों को परीक्षा केंद्रों पर सख्त सतर्कता बरतने के निर्देश दिए हैं। प्रयागराज में हाईस्कूल परीक्षा 18 फरवरी से जारी है और बड़ी संख्या में छात्र इसमें शामिल हो रहे हैं। घटना के बाद अभिभावक संगठनों ने कड़ी निगरानी और निष्पक्ष जांच की मांग तेज कर दी है।