प्रयागराज न्यूज डेस्क: उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में मुंबई पुलिस की क्राइम ब्रांच ने मादक पदार्थ एमडी मेथामफेटामाइन बनाने वाली एक फैक्ट्री का खुलासा किया है। पुलिस ने मांडा थाना क्षेत्र के कोसड़ा कला इलाके में छापा मारकर करीब 52 किलो 932 ग्राम एमडी बरामद की। मौके से ड्रग बनाने में इस्तेमाल होने वाले बड़ी मात्रा में रसायन और लैब के उपकरण भी मिले हैं। पुलिस के मुताबिक, यह कार्रवाई नालासोपारा में एमडी के साथ पकड़े गए दो आरोपियों से शुरू हुई जांच के बाद की गई।
नालासोपारा से शुरू हुई जांच प्रयागराज तक पहुंची
पुलिस के अनुसार, 24 जून की रात करीब 8:40 बजे नालासोपारा पूर्व के प्रगति नगर, मनवेलपाड़ा रोड स्थित प्रिया वॉशिंग सेंटर के पास बाबा पार्किंग परिसर से अविनाश उर्फ सोनू लोकनाथ अय्यर और रविकांत ओमप्रकाश राम को करीब 112 ग्राम एमडी के साथ पकड़ा गया था। बरामद ड्रग की कीमत करीब 3 लाख 36 हजार रुपये बताई गई। इस मामले में तुलिंज पुलिस थाने में केस दर्ज किया गया था। पूछताछ और आगे की जांच में आरोपियों के बड़े नेटवर्क से जुड़े होने की जानकारी सामने आई।
7 राज्यों और शहरों तक फैला नेटवर्क
जांच में अब तक कुल 21 आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है। इनमें नालासोपारा, मुंबई, कल्याण, नेरुल, जलगांव के अलावा गुजरात और उत्तर प्रदेश से जुड़े लोग शामिल हैं। पुलिस के मुताबिक, गिरोह में अलग-अलग लोगों को एमडी बनाने, रसायन और लैब उपकरण उपलब्ध कराने, ड्रग की तस्करी और बिक्री, पैडलिंग और पैसों के लेन-देन की जिम्मेदारी दी गई थी। तकनीकी जांच में पता चला कि रजनीश मिश्रा और शिवधन मिश्रा के जरिए प्रयागराज के कोसड़ा कला, मंडा, तहसील मेजा क्षेत्र में एमडी तैयार की जा रही थी। पूछताछ में दोनों ने बताया कि खेत की जमीन किराए पर लेकर टीन शेड में फैक्ट्री बनाई गई थी।
फैक्ट्री से 52.932 किलो एमडी और भारी मात्रा में केमिकल बरामद
जानकारी मिलने के बाद अपराध प्रकटीकरण शाखा, कक्ष-4 की टीम ने प्रयागराज में छापा मारा। यहां से 52 किलो 932 ग्राम एमडी बरामद हुई। इसके अलावा एमडी बनाने में इस्तेमाल होने वाले एमएमए यानी मोनो मिथाइलमाइन, एसीटोन, हाइड्रोक्लोरिक एसिड और क्लोरोफॉर्म समेत करीब 260 लीटर रसायन मिले। मौके से 250 और 150 लीटर क्षमता वाले फ्लास्क, हीटिंग मेटल, ड्रॉपिंग फनल और थर्मामीटर समेत कई लैब उपकरण भी बरामद किए गए। पूरे मामले में अब तक कुल 69 किलो 759 ग्राम एमडी, नकदी, करीब 260 लीटर रसायन और लैब का सामान बरामद किया जा चुका है। पुलिस के अनुसार बरामद सामान की कुल अनुमानित कीमत करीब 139 करोड़ रुपये है। पुलिस अब इस संगठित गिरोह के अंतरराष्ट्रीय कनेक्शन की भी जांच कर रही है।